पटना। बिहार में पंचायती राज व्यवस्था के सुदृढ़ीकरण और त्रिस्तरीय पंचायतों में रिक्त पड़े जनप्रतिनिधियों के पदों को भरने की दिशा में राज्य निर्वाचन आयोग (State Election Commission, Bihar) ने बहुप्रतीक्षित चुनावी बिगुल फूंक दिया है। राज्य निर्वाचन आयुक्त ने शुक्रवार को उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक के उपरांत राज्य के सभी 38 जिलों में फैले ग्राम पंचायत मुखिया, सरपंच, वार्ड सदस्य, पंच, पंचायत समिति सदस्य और जिला परिषद सदस्य के कुल 820 रिक्त पदों के लिए उपचुनाव की विस्तृत अधिसूचना और समय-सारणी आधिकारिक रूप से जारी कर दी है। अधिसूचना जारी होते ही संबंधित पंचायत क्षेत्रों में आदर्श आचार संहिता (Model Code of Conduct) तत्काल प्रभाव से लागू हो गई है।
चुनावी कार्यक्रम और महत्वपूर्ण तिथियों का ब्योरा
राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा घोषित कार्यक्रम के अनुसार, नामांकन की प्रक्रिया आगामी सोमवार से संबंधित प्रखंड मुख्यालयों में शुरू होगी:
- नामांकन पत्र दाखिल करने की तिथि: आगामी 18 तारीख से 24 तारीख तक (पूर्वाह्न 11:00 बजे से अपराह्न 4:00 बजे तक)।
- नामांकन पत्रों की जांच (Scrutiny): 25 तारीख को निर्वाची पदाधिकारी द्वारा।
- नाम वापसी की अंतिम तिथि: 27 तारीख शाम 4:00 बजे तक, जिसके तुरंत बाद प्रत्याशियों को चुनाव चिन्ह (Symbol Allotment) आवंटित किए जाएंगे।
- मतदान की तिथि: अगले महीने की 12 तारीख को सुबह 7:00 बजे से शाम 5:00 बजे तक।
- मतगणना और परिणाम: मतदान संपन्न होने के ठीक 48 घंटे बाद यानी 14 तारीख को सुबह 8:00 बजे से वोटों की गिनती शुरू होगी और उसी दिन परिणाम घोषित कर दिए जाएंगे।
ईवीएम (M-2 EVM) और बायोमेट्रिक सत्यापन से होगा निष्पक्ष चुनाव
निर्वाचन आयुक्त ने स्पष्ट किया कि फर्जी मतदान और बूथ कैप्चरिंग की किसी भी संभावना को समाप्त करने के लिए इस उपचुनाव में शत-प्रतिशत बायोमेट्रिक फिंगरप्रिंट और फेस-रिकॉग्निशन तकनीक का उपयोग किया जाएगा। मुखिया, पंचायत समिति सदस्य और जिला परिषद के पदों के लिए बहु-पद ईवीएम (Multi-post EVMs) का उपयोग होगा, जबकि पंच और सरपंच के न्यायिक पदों के लिए पारंपरिक मतपत्रों (Ballot Papers) के जरिए मतदान कराया जाएगा।
"लोकतंत्र की वास्तविक नींव हमारे गांव और पंचायतें हैं। किसी भी पद का रिक्त रहना ग्रामीण विकास योजनाओं के क्रियान्वयन में बाधा बनता है। हमने सभी जिलाधिकारियों और पुलिस अधीक्षकों को पूर्ण निष्पक्षता, शांति और भयमुक्त वातावरण में चुनाव संपन्न कराने के कड़े निर्देश दिए हैं।" - राज्य निर्वाचन आयुक्त, बिहार
सुरक्षा के कड़े इंतजाम और कंट्रोल रूम
अतिसंवेदनशील और संवेदनशील मतदान केंद्रों पर अतिरिक्त अर्धसैनिक बलों और बिहार विशेष सशस्त्र पुलिस (BSAP) की तैनाती की जाएगी। इसके अलावा प्रत्येक मतदान केंद्र की लाइव वेबकास्टिंग सीधे पटना स्थित राज्य मुख्यालय के कमांड एंड कंट्रोल सेंटर में देखी जा सकेगी। मतदाता किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या आचार संहिता उल्लंघन की शिकायत आयोग के 24x7 टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर पर दर्ज करा सकते हैं।
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